
धर्मजयगढ़-: दुर्गापुर।।. खुली खदान में 7 गांवों के 4144 एकड़ भूमि s.e.c.l को केंद्र सरकार व राज्य सरकार की सहमति से फरवरी 2016 को नियमानुसार प्राप्त किया है। खदान खोलने के लिए कोल कंपनी द्वारा धारा 23 का परिपालन करने से पूर्व कराए जाए d.g.p.s सर्वे का प्रभावित क्षेत्र के ग्रामीणों के साथ साथ अन्य लोगों द्वारा भारी विरोध करते हुए सर्वेक्षण का कार्य रुकवा दिया है। एवं शाहपुर पंचायत भी मोहल्ला शाहपुर व दुर्गापुर पंचायत के मोहल्ला दुर्गापुर के लोगों द्वारा ग्राम सभा का आयोजन कर खदान न देने का प्रस्ताव एक मत से पारित किया। विदित है s.e.c.l प्रबंधन को धारा 4 फरवरी 2014 में राजपत्र में प्रकाशन के समय कोई विरोध नहीं किया व ग्राम सभा का प्रस्ताव विरोध में पास किया। फरवरी 2016 में अधिग्रहीत भूमि पर से जब अधिकार प्राप्त करते हुए धारा 23 के परि पालन करने व सर्वेक्षण के पूर्व d.g.p.s सर्वे कराए जाने से कई स्वार्थी लोग चौकन्ने हो गए और विरोध करते हुए सर्वे टीम से अभद्र व्यवहार के साथ मोहल्लावशियो द्वारा पेशा कानून के तहत ग्राम सभा का आयोजन कर आपत्ति दर्ज राया। कोल कंपनी द्वारा d.g.p.s सर्वे टीम को देखते ही क्षेत्र में भू माफिया, रेत, माफिया व कोयला का उत्खनन करने वाले ईंट व्यवसाई अपनी पूरी जोर लगाकर विरोध करने लग गए। तथा धन समर्शय लोग एक के बदले 10 गुना मूवावजा की लालसा रखने वाले माफिया लोग प्रभावित क्षेत्रों में धड़ल्ले से निर्माण कार्य कर रहे है। बुद्धि लोग अधिक धन कमाने निर्माण कार्य कर रहे हैं तो कुछ लोग अपने स्वार्थ सिद्ध करने सरकार को बिना टैक्स दिए व्यवसायि लोग भूमि क्रय _ विक्रय करने वालों के द्वारा उक्त सर्वे का विरोध जताने का कार्य किया जा रहा था। सभा में सर्वेक्षण का कार्य न करने की प्रस्ताव पास करना था वहीं प्राप्तजानकारी के अनुसार जमीन नहीं देने का प्रस्ताव पास किया चूंकि धारा 04 लागू होने के समय उक्त प्रस्ताव पास करना था जो नहीं किया एवं भूमि का दर राज्य सरकार भारतीय स्टाम्प अधिनियम के तहत तय किया जाता है। व राज्य सरकार किसानों की भूमि न देने का केंद्र को प्रस्ताव देना चाहिए था नहीं दिया प्रभावित ग्रामीणों के द्वारा राज्य सरकार का विरोध करना चाहिए न कि शासन की कर्मचारियों और कंपनी की कर्मचारियों का1 जिससे खदान खोले जाने पर भूमि का उचित दर के साथ नियमानुसार पुर्नावास मिल सके।




